रेहरा का कंपोजिट विद्यालय दुर्दशा का शिकार, शौचालय भी नहीं, बच्चे परेशान

rehra compojit school
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बलरामपुर। जिले के प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालयों की हालत काफी खराब है। कई विद्यालय में तो शौचालय तक की व्यवस्था नहीं है। अभिभावकों का कहना है कि कई बार शिकायत के बाद भी अधिकारी ध्यान नहीं दे रहे हैं। केवल वह सरकारी धन के बंदरबांट में लगे हैं। विद्यालयों में मिड डे मील में भी हेराफेरी किया जा रहा है।

ऐसा ही एक विद्यालय रेहरा विकास खंड के लालपुर भलुहिया गांव में है। यह कंपोजिट विद्यालय है। इसके बावजूद जरूरी सुविधाओं की कमी से जूझ रहा है। विद्यालय में कक्षा आठ तक के बच्चे शिक्षा ग्रहण करने आते हैं। जिसमें लड़के और लड़कियां दोनों शामिल हैं। ग्रामीणों का कहना है कि विद्यालय का शौचालय काफी दिनों से चोक है। इसके अलावा वहां महीनों से सफाई भी नहीं कराई गई है। जिससे बच्चों को शौच के लिए बाहर खेतों में जाना पड़ता है। इससे लड़कियों को काफी परेशानी उठानी पड़ रही है।

एक ग्रामीण ने बताया कि शौचालय नहीं जाने के कारण उनकी बच्ची की तबीयत तक खराब हो गई। इसके बाद वह अपनी बच्ची को लेकर बीएसए कार्यालय पहुंच गए, इसके बावजूद उनकी कोई सुनवाई नहीं हुई। इसके बाद उन्होंने वहां चेतावनी दी कि यदि उनकी बच्ची को कुछ हो गया तो वह अधिकारियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराएंगे। इसके बाद बीएसए आफिस के कर्मचारी कुछ हरकत में आए और विद्यालय की व्यवस्था सुधारने के आदेश दिए गए।

विद्यालय में खराब पड़ा शौचालय।

ग्रामीणों का कहना है कि हर साल विद्यालय के लिए लाखों रुपये आते हैं तो वह जाते कहां हैं। कभी कोई अधिकारी इस विद्यालय में झांकने तक नहीं आता है। वहीं बच्चों ने बताया कि उन्हें मिड डे मील में कभी भी फल और दूध नहीं दिया जाता है। वहीं विद्यालय में सफाई की भी कोई व्यवस्था नहीं हैं। कई बार ग्रामीणों ने खुद पैसा लगाकर विद्यालय की सफाई करा दी, लेकिन ऐसा कब तक चलेगा। अब ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि व्यवस्था ठीक नहीं कराई गई तो वह अपने बच्चों को स्कूल में नहीं भेजेगे।

रिपोर्ट- अवधेश निषाद

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