कैथल। क्या आप इस बात पर विश्वास कर सकते हैं कि किसी झोंटे यानि भैंसे की कीमत 21 करोड़ रुपये हो सकती है। शायद नहीं, लेकिन यह सही है। हरियाणा के एक भैंसे सुल्तान की कीमत करीब 21 करोड़ रुपये थी। सुल्तान की अभी हाल ही में दिल का दौरा पड़ने से मौत हो गई। चलिए हम आपको बताते हैं कि सुल्तान में ऐसी क्या खास बात थी, जिससे उसकी इतनी कीमत थी।
कैथल के बुढ़ाखेड़ा गांव के सुल्तान बुल ने कैथल का ही नहींए बल्कि पूरे हरियाणा का नाम रोशन किया था। उसके मालिक नरेश का कहना है कि सुल्तान जैसा, ना कोई था और शायद ना कोई होगा। उसी के वजह से आज पूरे उत्तरी हरियाणा में लोग हमें जानते हैं।
नरेश ने सुल्तान को बचपन से पाला था। उसको अपने बच्चे की तरह लाड.दुलार दिया, लेकिन उसके चले जाने के बाद परिवार में एक कमी सी महसूस हो रही है। खाली खूंटा नरेश को दुखी करता है। हर वक्त बस उसकी तस्वीर को निहारते रहते हैं। उसके अवार्ड देखते रहते हैं।
पशु मेलों में तहलका मचाने वाले सुल्तान ने नरेश व उसके परिवार को इतना नाम दिलाया कि आज हर कोई इन्हें सुल्तान की वजह से ही जानता है। हर एक प्रतियोगिता में सुल्तान ने झंडे गाड़े हैं। यहां तक कि हरियाणा की म्यूजिक एलबम में भी सुल्तान ने अपना रोल अदा किया है। नरेश का कहना है कि सुल्तान के चले जाने का दुःख इतना है कि उसकी याद दिल से जाती ही नहीं। अब कोशिश करेंगे कि किसी को परवरिश देकर उसके जैसा बनाये, लेकिन उसकी कमी तो पूरी नही होगी। नरेश की आंखों के सामने ही सुल्तान की दिल का दौरा पड़ने से मौत हुई जिसका दुख असहनीय है। उनकी मौत पर दुख जताने पशु प्रेमी दूर दूर से पहुंच रहे हैं।
सुल्तान के सीमन से लाखों की कमाई होती थी। सुल्तान सालभर में 30 हजार सीमेन की डोज देता था, जो लाखों रुपये में बिकती थी। सुल्तान वर्ष 2013 में हुई राष्ट्रीय पशु सौंदर्य प्रतियोगिता में झज्जर, करनाल और हिसार में राष्ट्रीय विजेता भी रह चुका है। राजस्थान के पुष्कर मेले में एक पशु प्रेमी ने सुल्तान की कीमत 21 करोड़ रुपए लगाई थी, लेकिन नरेश ने कहा कि सुल्तान उसका बेटा है और बेटों की कोई कीमत नहीं हुआ करती। नरेश व उसके भाई सुलतान की देखभाल अपने बेटे की तरह ही करते थे।

