नई दिल्ली। संयुक्त किसान मोर्चा ने योगेंद्र यादव को एक महीने के लिए निलंबित कर दिया है। लखीमपुर खीरी हिंसा के दौरान भाजपा के मृत कार्यकर्ता शुभम मिश्रा के घर पर संवेदना जताने पहुंचे यादव पर यह कार्रवाई उस वक्त की गई है जब मोर्चा की ओर से लगातार केंद्रीय मंत्री को बर्खास्त करने की मांग की जा रही ।
यादव के इस कदम से खासतौर पर पंजाब के किसानों में नाराजगी थी। बृहस्पतिवार को मोर्चा की हुई बैठक में यह निर्णय लिया गया। नए कृषि कानूनों को निरस्त करने और न्यूनतम समर्थन की मूल्य गारंटी की मांग के समर्थन में करीब 11 महीनों से दिल्ली की सीमाओं पर किसान विरोध जता रहे हैं। 26 नवंबर से पिछले साल दिल्ली के सिंधु, टीकरी और गाजीपुर बॉर्डर पर किसान आंदोलन की शुरुआत हुई थी। संयुक्त किसान मोर्चा की बैठक में सभी पहलुओं पर मंथन के बाद अशोक थावले की अध्यक्षता में योगेंद्र यादव को निलंबित करने का फैसला लिया गया है। यादव शुरुआती दौर से ही इस आंदोलन के साथ जुड़े रहे।
किसी भी राजनीतिक दल को मंच साझा न करने के मोर्चा की ओर से अनुशासनात्मक कार्रवाई से एक फिर किसानों ने जताया है कि किसानों की मांग से पीछे नहीं हटेंगे। किसानों की मौत पर जहां मोर्चा कार्रवाई की मांग कर रहा है तो दूसरी तरफ भाजपा कार्यकर्ता के निवास पर योगेंद्र यादव की ओर संवेदना प्रकट किए जाने पर मोर्चा की तरफ सख्ती की गई है।
