देहरादून। कांग्रेस ने मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियों और वोट चोरी के गंभीर आरोप लगाते हुए केंद्र सरकार तथा निर्वाचन आयोग के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। देहरादून में आयोजित एक पत्रकार वार्ता के दौरान प्रदेश कांग्रेस कमेटी के पूर्व अध्यक्ष एवं वरिष्ठ नेता अजय कुमार लल्लू ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की। उन्होंने चुनाव प्रक्रिया की पारदर्शिता पर सवाल उठाते हुए ईवीएम के बजाय बैलेट पेपर से चुनाव कराने और विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) प्रक्रिया को तत्काल रद्द करने पर जोर दिया।

'वोट बचाओ-देश बचाओ' अभियान के तहत अजय कुमार लल्लू ने कहा कि लोकतंत्र की मजबूती के लिए निष्पक्ष चुनाव अनिवार्य हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड और पश्चिम बंगाल जैसे राज्यों में तकनीकी हेरफेर के जरिए पात्र मतदाताओं के नाम हटाए गए हैं। उन्होंने दावा किया कि एक ही ईपीआईसी (EPIC) नंबर पर दूसरे नाम जोड़कर धांधली की जा रही है। पीलीभीत का उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि वहां हजारों प्रविष्टियों में हेरफेर की गई है, जिसमें वैध नाम हटाकर बाहरी लोगों को जोड़ा गया।

कांग्रेस नेता ने नागरिकों से अपील की कि वे निर्वाचन आयोग की वेबसाइट पर अपने विवरण की जांच करें। उन्होंने घोषणा की कि मतदाताओं के अधिकारों की रक्षा के लिए कांग्रेस बूथ से लेकर न्यायालय तक लड़ाई लड़ेगी। इसी क्रम में 1 नवंबर को नई दिल्ली के रामलीला मैदान में राहुल गांधी के नेतृत्व में एक विशाल मार्च और रैली आयोजित की जाएगी, जिसमें उत्तराखंड से 25 हजार से अधिक कार्यकर्ताओं के शामिल होने की उम्मीद है।

महानगर अध्यक्ष डॉ. जसविंदर सिंह गोगी ने भी मतदाता सूची की निष्पक्ष जांच की मांग की। इस अवसर पर राजेंद्र भंडारी, जोत सिंह गुनसोला और डॉ. प्रतिमा सिंह सहित कई वरिष्ठ नेता उपस्थित रहे। टैगोर अंग्रेजी में लिखना।