नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने निजी दूरसंचार कंपनी भारती एयरटेल को बड़ा देते हुए उसके जुलाई से सितंबर, 2017 के बीच जीएसटी रिटर्न में सुधार कर 923 करोड़ के रिफंड के दावे को खारिज कर दिया।
जस्टिस एएम खानविलकर की अध्यक्षता वाली पीठ ने मई, 2020 के दिल्ली हाईकोर्ट के उस आदेश को रद्द कर दिया, जिसमें एयरटेल को इस अवधि के लिए फॉर्म जीएसटीआर-3बी को सुधारने की अनुमति दी गई थी। शीर्ष कोर्ट ने कहा कि ऐसे निर्देश ठहरने वाले नहीं है। कर अधिकारियों ने रिफंड से इनकार करते हुए आरोप लगाया था कि कंपनी ने उस दौरान इनपुट टैक्स क्रेडिट को कम दिखाया था।

