मेरठ । बदमाश सरेआम पुलिस चौकी के पास ही महिला को चाकुओं से घोंपते रहे, महिला बचाव के चिल्लाती रही, लेकिन उसे बचाने कोई नहीं आया। यहां तक चौकी में मौजूद पुलिस कर्मियों ने भी बाहर आकर देखते की जहमत नहीं उठाई । बदमाश महिला को लहूलुहान हालत में छोड़कर भाग गए। राहगीरों की सूचना पर परिजन पहुंचे और महिला को अस्पताल पहुंचाया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
मामला मुंडाली थाना क्षेत्र के मऊखास का है। अनुसूचित जाति की महिला बबीता 40 पत्नी रमेश मेरठ शहर में एक चिकित्सक की कोठी में काम करती थी। उसका पति रमेश कुमार कपड़ों की सिलाई करता है। बबीता बुधवार शाम घर लौट रही थी, गांव से करीब 300 मीटर पहले ही मुख्य मार्ग स्थित छोईया गांव के पास बबीता को बदमाशों ने घेर लिया और उस पर चाकू से वार कर दिए। एक राहगीर की सूचना पर परिजन और ग्रामीण पहुंचे। उसे अस्पता पहुंचाया, वहा चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना के बाद पुलिस ने हत्या के कारण जानने के लिए परिवार के लोगों से पूछताछ की। पुलिस जांच कर रही है कि हत्या की वजह क्या हो सकती है।
एसपी देहात अनिरुद्ध सिंह ने बताया कि घटना को अंजाम देने वाले बदमाशों की गिरफ्तारी के लिए तीन टीम गठित की गई है। अभी हत्या का कारण स्पष्ट नहीं है। आसपास के सीसीटीवी कैमरों की भी जांच की जाएगी ताकि कुछ सुराग मिल सके।
मऊखास पुलिस चौकी से 200 मीटर की दूरी पर बबीता की हत्या कर हमलावर आसानी से भाग गए। महिला चिल्लाती रही और बदमाश चाकू से पेट, मुंह, छाती पर वार करते रहे। शुरुआती जांच में अनैतिक संबंध को लेकर महिला की हत्या का शक भी गहरा रहा है। बबीता का एक परिचित महिला से विवाद हुआ था। वह भी उसकी तरह कोठियों में काम करती है। पुलिस मोबाइल कब्जे में लेकर उसकी सीडीआर की जांच कर रही है।
पुलिस को बबीता की हत्या में उनके ही करीबी पर शक है। घटनास्थल पर एक बदमाश का जूता मिला है। पुलिस ने आसपास के लोगों जानकारी ली। इसमें पता चला कि महिला रोजाना सात बजे शहर से वापस लौटती थीए लेकिन बुधवार को वह करीब एक घंटा पहले आई। पुलिस चौकी के पास टेंपो से उतरने के बाद वह तेज गति में घर की ओर जा रही थी।
बबीता के तीन बच्चे तनु 19, अमन 15, और विवेक 12 हैं। परिजनों ने बताया कि उनकी किसी से कोई रंजिश नहीं है। बबीता का ही किसी से कोई विवाद हुआ होगा, जिसकी हमें जानकारी नहीं है।

