देहरादून। आईपीएल में ऑनलाइन सट्टा लगाने की सूचना पर एसटीएफ ने बृहस्पतिवार को दून और ऋषिकेश में छापा मारकर तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। उनके कब्जे से लाखों रुपये की नगदी, मोबाइल, कंप्यूटर, लैपटॉप आदि सामान बरामद किया गया है। दून में ऑनलाइन सट्टे को रोकेट 111.कॉम सॉफ्टवेयर के माध्यम से गुरुग्राम से संचालित किया जा रहा था। जबकि ऋषिकेश में दो लोग मुंबई इंडियन एवं केकेआर टीम के बीच चल रहे आईपीएल मैच में ऑनलाइन सट्टा खिलवाते गिरफ्तार किए गए।
एसएसपी एसटीएफ अजय सिंह ने बताया कि स्पेशल टॉस्क फोर्स को देहरादून व ऋषिकेश में आईपीएल मैचों पर ऑनलाइन सट्टा लगाने की लगातार सूचना मिल रही थी। जिस पर बृहस्पतिवार देर रात आईपीएल मैच के दौरान एसटीएफ की टीम ने प्रकाश नगर कैंट में एक मकान में छापा मारा। जहां से ऑनलाइन सट्टा लगाते हुए एक व्यक्ति आशीष आहूजा को गिरफ्तार किया गया। जबकि उसके साथी की एसटीएफ तलाश कर रही है। मौके पर आशीष आहूजा से सट्टे में लगाए गए पांच लाख बासठ हजार रुपये, पांच मोबाइल, एलसीडी, सेटअप बॉक्स, इंटरनेट मोडम, सट्टा रजिस्टर बरामद किया गया।
सट्टा राकेट 111.कॉम सॉफ्टवेयर के माध्यम से गुरुग्राम से संचालित किया जा रहा था। बताया कि इसके अलवा बृहस्पतिवार को एसटीएफ ने ऋषिकेश में भी छापेमारी कर मुंबई इंडियन एवं केकेआर टीम के बीच चल रहे आईपीएल मैच में ऑनलाइन सट्टा लगाने का खुलासा करते हुए दो लोगों को गिरफ्तार किया। उनके कब्जे से आठ मोबाइल, एक लैपटॉप, एक टैब, और चार लाख बासठ हजार रुपये की नगदी बरामद की गई। दोनों को भल्ला फार्म हाउस गली नंबर तीन से गिरफ्तार किया गया। मौके पर दोनो मोबाइल फोन और आईपैड पर डाउनलोड किए गए मैजिक ऐप में लाइव मैच देखकर ऑनलाइन सट्टा खिलवा रहे थे।
उन्होंने बताया कि मौके पर दो रजिस्टर भी बरामद हुए हैं, जिनमें आरोपियों ने प्रत्येक पृष्ठ पर लोगों के नाम वार लगाई गई सट्टे की धनराशि का विवरण अंकित किया है। दोनों रजिस्टरों में लाखों रुपये की धनराशि अंकित पाई गई। रजिस्टर में जिन लोगों के नाम अंकित है, उनकी जानकारी जुटाई जा रही है। आरोपियों की पहचान वरुण तनेज निवासी गली नंबर तीन भल्ला फार्म ऋषिकेश और अमित मखीजा निवासी जवाहर कॉलोनी फरीदाबाद हरियाणा हाल भरत विहार ऋषिकेश देहरादून के रुप में हुई है।
एसएसपी अजय सिंह ने कहा कि सट्टे में कई बेरोजगार युवा लोग बहकावे में आकर जल्दी और ज्यादा पैसे कमाने के चक्कर में अपना सब कुछ गवां रहे हैं। यहां तक कि पैसों की भरपाई और तनाव में रहने के कारण नशे की लत का भी शिकार हो रहे हैं और अपराध करने लगते हैं। कहा कि इससे कई परिवार टूट चुके हैं। मुख्यमंत्री ने भी इस संबंध में एसटीएफ को निर्देश दिए थे। जिसके बाद यह कार्रवाई की गई।

