लखनऊ। उत्तर प्रदेश की 18वीं विधानसभा चुनाव के लिए मतगणना बृहस्पतिवार को सुबह 8 बजे से की जाएगी। इसके लिए चुनाव आयोग ने तैयारी पूरी कर ली है। चुनाव आयोग की ओर से बताया गया है कि प्रदेश भर में मतगणना के लिए कुल 84 केंद्र बनाए गए हैं। इसमें आगरा में सबसे अधिक पांच, अमेठी, अम्बेडकरनगर, देवरिया, मेरठ और आजमगढ़ में 2-2 व बाकी जिलों में एक-एक मतगणना केंद्र बनाए गए हैं। मतगणना के लिए 403 प्रेक्षक तैनात किए गए हैं।
भारत निर्वाचन आयोग ने उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनावों के परिणामों के लिए मेरठ में मतगणना के पर्यवेक्षण के लिए दिल्ली के मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ. रणवीर सिंह को और वाराणसी में बिहार के मुख्य निर्वाचन अधिकारी एचआर श्री निवास को तैनात किया है। आयोग की ओर से बताया गया है कि पूरे मतगणना केंद्र की त्रिस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था की गई है।
अधिकृत श्रेणी के अलावा मतगणना केंद्र के परिसर में मोबाइल फोन, लैपटाप, कैलकुलेटर या अन्य कोई भी इलेक्ट्रानिक सामान ले जाने पर पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा। स्ट्रांग रूम खोले जाने से लेकर ईवीएम को गणना टेबिल पर ले जाने तथा संपूर्ण गणना प्रक्रिया की वीडियोग्राफी की जाएगी। हर चक्र की गणना पूरी होने के बाद परिणाम प्रत्याशियों व उनके एजेंट को दिया जाएगा।
चुनाव आयोग के आंकड़ों के मुताबिक इस बार 60.80 प्रतिशत लोगों ने वोट डाले, जबकि 2017 में यह आंकड़ा 61.11 प्रतिशत था। इस चुनाव में भी भी पिछले के मुकाबले पुरुषों ने कम और महिलाओं ने अधिक मतदान किया। हालांकि 2017 के मुकाबले इनका प्रतिशत कम रहा। 2017 में 63.38 प्रतिशत महिलाओं ने वोट डाले थे। इस बार यह संख्या 62.24 प्रतिशत रह गई। वहीं पुरुषों ने .35 प्रतिशत अधिक मतदान किया। 2017 में इनका आंकड़ा 59.21 प्रतिशत था, जबकि इस बार 59.56 प्रतिशत रहा।

