बिजनौर। चांदपुर के 27 मजदूर कश्मीर में ईंट भट्ठे पर काम करने गए थे। जिन्हें भट्ठे पर बंधक बनाए जाने का आरोप है। मजदूरों के परिवार वालों ने चांदपुर पुलिस को तहरीर देकर उन्हें वापस लाए जाने की मांग उठाई है।
हीमपुर दीपा थाना क्षेत्र के गांव मसीत निवासी एक व्यक्ति मजदूरों को दूसरे राज्यों में ईंट भट्ठों पर ले जाने का काम करता है। आठ माह पूर्व वह क्षेत्र के गांव मिठनपुर, स्याऊ और कस्बा चांदपुर और अमरोहा के गांव चुचैला के रहने वाले 27 मजदूरों को कश्मीर में ईट भट्टो पर काम कराने के लिए लेकर गया था। सभी मजदूर आठ माह से ईंट भट्ठों पर काम कर रहे थे।
ठेकेदार ने दीपावली के अवसर पर उन्हें पूरी मजदूरी का भुगतान दिलाकर घर भेजे जाने की बात कही थी। भट्ठे पर काम बंद हो जाने व दीपावली का त्योहार बीतने के बाद भी मजदूरों को आज तक उनकी मजदूरी का भुगतान नहीं मिला है। मजदूरी न मिलने से मजदूरों के सामने खाने का संकट भी खड़ा हो गया है।
तहरीर में आरोप लगाया कि उन्हें भट्ठे पर बंधक बना लिया गया है। मजदूरों ने फोन कर अपनी व्यथा परिजनों को बताई थी। रविवार को कोतवाली पहुंचे मजदूरों के परिजन ब्रहमपाल ने तहरीर देकर कश्मीर में फंसे 27 मजदूरों को सुरक्षित वापस लाए जाने की मांग की ।

