मेरठ। मेरठ में अपराध की दुनिया से चौंकाने वाला मामला सामने आया है। कंकरखेड़ा पुलिस ने हाईवे पर बाइक लूट की वारदातों को अंजाम देने वाले तीन शातिर बदमाशों को गिरफ्तार किया है। इनमें एक आरोपी हेड कांस्टेबल का बेटा और दूसरा डीएम कार्यालय में कार्यरत कर्मचारी का बेटा निकला। पूछताछ में पता चला कि आरोपियों ने ऑनलाइन गेम में हारे हुए पैसों की भरपाई के लिए लूट की वारदातों को अंजाम दिया था।
गिरफ्तार आरोपियों के नाम आयुष, तुषार और विशाल बताए गए हैं। पुलिस के मुताबिक, आयुष और तुषार ने एक ही रात में दो बाइक लूट की घटनाओं को अंजाम दिया। वहीं तीसरे आरोपी विशाल ने नया मोबाइल फोन खरीदने के लिए लूट की वारदात को अंजाम दिया था।
कंकरखेड़ा पुलिस ने NH-58 पर चेकिंग के दौरान तीनों को गिरफ्तार किया। पुलिस को घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों से अहम सुराग मिले थे, जिसके आधार पर इन बदमाशों की पहचान की गई और फिर दबिश देकर गिरफ्तारी की गई।
पुलिस का कहना है कि पकड़े गए आरोपियों से और भी कई मामलों में पूछताछ की जा रही है। ऑनलाइन गेमिंग की लत और उसमें हारी रकम ने इन युवकों को अपराध की राह पर धकेल दिया।
इस घटना ने अभिभावकों और समाज को भी झकझोर कर रख दिया है कि ऑनलाइन गेमिंग किस तरह युवाओं को बर्बादी और अपराध के दलदल में धकेल रही है।
पुलिस ने बरामदगी के तौर पर लूटी गई दो बाइक और एक मोबाइल फोन जब्त किया है। आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है और आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।
