बस्ती। जिले के सरकारी स्कूलों में तैनात शिक्षक अपनी जगह पर किराए पर दूसरे शिक्षकांे से पढ़ाई कर रहे हैं । इसके लिए वह इन शिक्षकों को 1500 से 2500 रुपये तक का भुगतान करते हैं, जबकि खुद सरकार से करीब 70 हजार रुपये वेतन ले रहे हैं। इसकी जानकारी मिलते ही हड़कंप मच गया। इस मामले की जांच के आदेश दिए गए है।

बहादुरपुर ब्लॉक के भरवलिया गांव में बने प्राथमिक स्कूल के प्रधानाध्यापक सुनील पाठक ने गांव की एक लड़की को 2500 रुपये में अपनी जगह किराए पर पढ़ाने के लिए रखा है और इसके बदले वे खुद विद्यालय नहीं आते हैं। सालों से उनका यह खेल चल रहा था, इस पर किसी को शक तक नहीं हुआ। क्योंकि कागजों में तो वह रोज स्कूल आते हैं और पढ़ाते हैं, मगर जब हकीकत पता लगी तो अधिकारियों के होश उड़ गए।

नए बीएसए ने आते ही इस मामले को संज्ञान में लेकर कार्रवाई शुरू कर दी है। जिला अधिकारी प्रियंका निरंजन ने भी इस मामले में रिपोर्ट तलब किया है। बहरहाल शिक्षक सुनील पाठक के कारनामे से पूरा शिक्षा विभाग शर्मसार है और उनके ऊपर गाज गिरना तय माना जा रहा है।

बीएसए इंद्रजीत प्रजापति का कहना है कि ये मामला मेरे संज्ञान में आया है, हमने तुरन्त खंड शिक्षा अधिकारी से बात भी की है। वो रिपोर्ट लेकर आ रहे हैं, उसी वक्त अन्य खंड शिक्षक गण को भी बुलाऊंगा, अगर इस तरह की कोई समस्या हो या कोई इस तरह का प्रकरण उनके संज्ञान में हो तो तुरंत अवगत कराएं और उसका निस्तारण तुरंत कराएं। अगर इसमें सुधार नहीं हो जाता तो तत्काल प्रभाव से कार्रवाई करेंगे।