देहरादून। पौड़ी जिले की तहसील चाकीसैण के ग्राम पंचायत चौंरा की एक महिला को भालू ने हमला कर गंभीर रूप से घायल कर दिया है। पीएचसी चाकीसैण में प्राथमिक उपचार के बाद घायल महिला को एम्स ऋषिकेश रेफर कर दिया गया है। वहीं वन विभाग ने घायल महिला को उपचार के लिए 15 हजार की धनराशि का अग्रिम भुगतान कर दिया है। ग्रामीणों ने क्षेत्र को भालू के आतंक से मुक्त कराए जाने की मांग की है।
मंगलवार को ग्राम पंचायत चौंरा की सोबती देवी पत्नी वीरेंद्र सिंह (उम्र 36 वर्ष) गांव की महिलाओं के साथ समीप के जंगल में रोज की तरह घास लेने गई। जहां घात लगाए भालू ने सोबती पर हमला कर दिया। साथ की महिलाओं ने शोर मचाना शुरु कर दिया लेकिन महिलाओं के शोर-शराबे से भालू को कोई फर्क की नहीं पड़ा। महिलाओं का शोर सुनकर ग्रामीण जंगल की ओर गए। ग्रामीणों के बड़ी संख्या में आने पर भालू ने महिला को छोड़ा, लेकिन तब तक भालू सोबती को बुरी तरह जख्मी कर गया था। भालू के हमले में सोबती का चेहरा बुरी तरह जख्मी हो गया है।
ग्रामीण सोबती को उपचार के लिए पीएचसी चाकीसैण लाए। जहां उपचार के बाद डाक्टरों ने सोबती को एम्स ऋषिकेश रेफर कर दिया। ग्राम प्रधान चौंरा सुरेंद्र सिंह राणा और दिनेश सिंह पंवार ने बताया क्षेत्र में भालू का आतंक लंबे समय से है। वन विभाग से कई बार शिकायत की गई, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई। जिसका परिणाम है कि आज महिला को भालू ने बुरी तरह घायल कर दिया। उन्होंने कहा कि क्षेत्र को भालू सहित अन्य जंगली जानवरों के आतंक से मुक्त किया जाय।
प्रधान राणा ने बताया कि सोबती का परिवार बहुत ही गरीब है। उसके तीन छोटे-छोटे बेटे हैं। कहा घायल को जल्द से जल्द उचित मुआवजा प्रदान किया जाय। वन क्षेत्राधिकारी पैठाणी रश्मि ध्यानी ने बताया कि भालू के हमले में घायल महिला के उपचार को 15 हजार की धनराशि का अग्रिम भुगतान कर लिया गया है। कहा क्षेत्र में गश्त बढ़ाने के साथ ही भालू को पकड़ने के लिए कार्रवाई की जा रही है।

